किसान के बेटे ने रचा इतिहास: नालंदा के राजीव रंजन वर्मा बनें UPSC CAPF असिस्टेंट कमांडेंट, मिली 69वीं रैंक

खबर सुन ने के लिए यहां क्लिक करें

अकैड़ गांव के राजीव को दूसरे प्रयास में सफलता

गांव से लेकर दिल्ली तक की मेहनत लाई रंग

बिहारशरीफ (नालंदा)। नगरनौसा प्रखंड के अकैड़ गांव निवासी किसान के बेटे राजीवरंजन वर्मा ने अपनी मेहनत से देश की प्रतिष्ठित परीक्षा में परचम लहराया है। संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित CAPF (असिस्टेंट कमांडेंट) परीक्षा 2025 में उन्होंने देशभर में 69वीं रैंक हासिल कर असिस्टेंट कमांडेंट का पद प्राप्त किया है। राजीवरंजन उपेंद्र प्रसाद और सुधा देवी के बेटे हैं। पिता किसान और मां गृहिणी हैं। साधारण किसान परिवार से निकलकर इस मुकाम तक पहुंचने की उनकी कहानी पूरे नालंदा जिले के युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है।

गांव से शुरू हुई पढ़ाई, दिल्ली में पूरी की तैयारी :

राजीव रंजन की प्रारंभिक शिक्षा डॉ. रामराज्य हाई स्कूल, पाण्डेयचक से हुई। इसके बाद मगध महाविद्यालय, चंडी से इंटर और मुजफ्फरपुर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से बीटेक की डिग्री ली। बीटेक के बाद उन्होंने सिविल सेवा को लक्ष्य बनाया और बेहतर तैयारी के लिए दिल्ली चले गए। लगातार मेहनत और अनुशासन का नतीजा रहा कि दूसरे प्रयास में ही उन्होंने CAPF परीक्षा में सफलता हासिल कर ली।

परिवार और गांव में खुशी का माहौल :

राजीवरंजन एक भाई और एक बहन हैं। उनकी छोटी बहन भी सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही है। सफलता पर राजीवरंजन ने कहा कि “सफलता के पीछे कड़ी मेहनत, माता-पिता का आशीर्वाद और दोस्तों का भरोसा है। लक्ष्य चाहे कितना भी बड़ा हो, ईमानदारी और निरंतरता से तैयारी करने पर जरूर मिलता है। खबर मिलते ही अकैड़ गांव में जश्न का माहौल है। ग्रामीणों और शुभचिंतकों ने उनके घर पहुंचकर परिवार को बधाई दी। लोगों का कहना है कि राजीवरंजन ने न सिर्फ अपने माता-पिता का सपना पूरा किया, बल्कि नगरनौसा और नालंदा का नाम भी पूरे देश में रोशन किया है।

Shubham Singh
Author: Shubham Singh

Leave a Comment

और पढ़ें

error: Content is protected !!